


शहपुरा – जनपद पंचायत शहपुरा की राजनीति एक बार फिर सियासी गर्मी के दौर से गुजर रही है। अध्यक्ष प्रियंका आर्मो के खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव अब निर्णायक चरण में पहुंच चुका है। कलेक्टर के निर्देश पर इस प्रस्ताव पर 8 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा।पंचायत सदस्यों के एक समूह ने अध्यक्ष पर कार्य संचालन में मनमानी और नीतिगत निर्णयों में असंतोष जताते हुए यह प्रस्ताव प्रस्तुत किया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, निर्धारित तिथि को जनपद पंचायत शहपुरा के सभाकक्ष में विशेष बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें सभी निर्वाचित सदस्य भाग लेंगे।मतदान गुप्त मतदान प्रणाली से संपन्न होगा। मतदान के बाद मतगणना कर परिणाम की घोषणा की जाएगी। इस प्रस्ताव को लेकर शहपुरा जनपद क्षेत्र में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। अध्यक्ष समर्थक और विरोधी दोनों ही पक्ष अपनी रणनीतियों को मजबूत करने में जुटे हुए हैं।गौरतलब है कि करीब छह माह पूर्व भी अध्यक्ष प्रियंका आर्मो के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया गया था। उस समय उपाध्यक्ष समर्थित समूह ने उन्हें पद से हटाने की कोशिश की थी, लेकिन मतदान में प्रियंका आर्मो ने बहुमत का विश्वास प्राप्त करते हुए अपना पद बरकरार रखा था। अब एक बार फिर उसी मुद्दे पर दूसरा अविश्वास प्रस्ताव सामने आने से जनपद पंचायत की राजनीति में सियासी सरगर्मी चरम पर पहुंच गई है।राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह मतदान न केवल वर्तमान नेतृत्व के भविष्य का फैसला करेगा, बल्कि आगामी पंचायत समीकरणों पर भी बड़ा असर डाल सकता है।
